anidaan
07-25-2009, 10:00 PM
तुझे क्या खबर तेरी दास्तान मे
मै शोलो को दबाये रखता हूं अरमान मे,
मिले है जमाने से जो हसीन ज़ख्म
मै हर ज़ख्म छुपाये रखता हूं मुस्कान मे.
मै शोलो को दबाये रखता हूं अरमान मे,
मिले है जमाने से जो हसीन ज़ख्म
मै हर ज़ख्म छुपाये रखता हूं मुस्कान मे.